हरिद्वार, 09 अक्टूबर । कुंभ मेला-2027 के सफल और सुव्यवस्थित आयोजन के लिए अवस्थापना सुविधाओं और निर्माण कार्यों को निर्धारित समयसीमा में पूरा करने की कवायद तेज हो गई है। शुक्रवार को मेला नियंत्रण भवन (सीसीआर) सभागार में मंडलायुक्त आनंद स्वरूप की अध्यक्षता में उच्च स्तरीय समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में विभिन्न विभागों के निर्माण कार्यों की प्रगति, नए प्रस्तावों और मेला व्यवस्थाओं की गहन समीक्षा की गई।
मंडलायुक्त ने सभी कार्यदायी संस्थाओं को कड़े निर्देश देते हुए कहा कि स्वीकृत कार्यों को तय मानकों के अनुरूप गुणवत्ता के साथ पूरा किया जाए। सड़कों, पुलों और घाटों के निर्माण पर विशेष ध्यान केंद्रित करते हुए उन्होंने मौके पर आवश्यक संसाधनों और मशीनरी की नियमित उपलब्धता और निरंतर निगरानी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
प्रमुख निर्देश और कार्ययोजना:
- गंग नहर क्लोजर अवधि की रणनीति: गंग नहर के क्लोजर समय में घाटों के निर्माण के लिए अग्रिम रूप से पूरी तैयारी रखी जाए। सामग्री, मशीनरी और श्रमिकों का ऐसा प्रबंध हो कि काम शुरू होने के बाद संसाधनों की कमी से समय बर्बाद न हो।
- त्योहारों में श्रमिकों का प्रबंधन: आगामी त्योहारों के कारण श्रमिकों की संभावित कमी को ध्यान में रखते हुए कार्यदायी संस्थाएं अभी से अतिरिक्त श्रम बल की अग्रिम व्यवस्था करें, ताकि निर्माण की गति प्रभावित न हो।
- अंतर-विभागीय समन्वय: सभी संबंधित विभाग आपसी समन्वय से काम करें और आने वाली व्यावहारिक समस्याओं का तुरंत समाधान निकालें।
बैठक के दौरान मेलाधिकारी श्रीमती सोनिका ने अवगत कराया कि कुंभ मेला-2027 की तैयारियों को काउंटडाउन मोड में आगे बढ़ाया जा रहा है। निर्माण स्थलों पर दिन-रात काम की व्यवस्था की गई है और कार्यों की प्रगति की प्रतिदिन समीक्षा की जा रही है ताकि आयोजन से पूर्व सभी व्यवस्थाएं चाक-चौबंद हो सकें।
बैठक में आईजी (कुंभ) डॉ. योगेंद्र सिंह रावत, जिलाधिकारी हरिद्वार मयूर दीक्षित, एसएसपी (कुंभ) आयुष अग्रवाल, नगर आयुक्त नंदन कुमार, अपर मेलाधिकारी दयानंद सरस्वती, एसपी सिटी दीपक सिंह, मेला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मनीष दत्त, अधीक्षण अभियंता (तकनीकी सेल) मनोज भट्ट, अधीक्षण अभियंता (लोनिवि) डीपी सिंह, उप मेलाधिकारी आकाश जोशी व मनजीत सिंह सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।






